Categories: Home

निमोनिया के ख़तरे से शिशु का बचाव, सुरक्षित शिशु की यही पहचान

• 12 नवम्बर को मनाया जाता है विश्व निमोनिया दिवस
• निमोनिया से बचाव शिशु मृत्यु दर में लाता है कमी
• निमोनिया से बचाव में पीसीबी का टीका असरदार

पूर्णियाँ(बिहार)शिशु मृत्यु के प्रमुख कारणों में निमोनिया शामिल है. इसको लेकर सरकार सक्रिय रूप से अपनी भूमिका भी अदा कर रहा है. निमोनिया के कारण शिशुओं में होने वाले मृत्यु को रोकने के लिए निःशुल्क पीसीवी के टीके की शुरुआत करना सरकार की गंभीरता को प्रदर्शित करता है. लेकिन सरकारी कार्यक्रमों एवं प्रयासों के इतर शिशुओं को निमोनिया जैसे गंभीर रोग से बचाने के लिए सामुदायिक जागरूकता की भूमिका को भी नजरंदाज नहीं किया जा सकता. इसको लेकर प्रत्येक साल 12 नवम्बर को विश्व निमोनिया दिवस के रूप में मनाया जाता है.

निमोनिया से बचाव में टीका असरदार:
राज्य कार्यक्रम पदाधिकारी, शिशु स्वास्थ्य, डॉ वीपी राय ने बताया कि निमोनिया सांस से जुड़ी एक गंभीर बीमारी है. बच्चों के लिए यह सबसे बड़ी जानलेवा संक्रामक बीमारी है. बैक्टीरिया से बच्चों को होने वाले जानलेवा निमोनिया को टीकाकरण कर रोका जा सकता है. बच्चों को न्यू मोकॉकल कॉन्जुनगेट वैक्सी्न यानी पीसीवी का टीका 6 सप्ताह, 14 सप्ताह एवं 9 वें महीने पर लगाने होते हैं. इस टीके को नियमित टीकाकरण कार्यक्रम में शामिल किया गया है. साथ ही प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र से लेकर जिला अस्पतालों में आवश्यक टीकाकरण की सुविधा निःशुल्क उपलब्ध है. पीसीवी का टीका बच्चों को निमोनिया से बचाने में काफ़ी असरदार है.

नियमित स्तनपान निमोनिया से बच्चों का करता है बचाव:
केयर इण्डिया के राज्य टीम लीड, शिशु स्वास्थ्य, डॉ. पंकज मिश्रा ने बताया कि कोरोना संक्रमणकाल में बच्चों को निमोनिया से बचाने की अधिक जरूरत है. इसके लिए बच्चों का उचित ध्यान रखना काफ़ी जरुरी है. निमोनिया को दूर रखने के लिए व्यक्तिगत साफ-सफाई जरूरी है. छींकते-खांसते समय मुंह और नाक को ढक लें. समय-समय पर बच्चे के हाथ भी जरूर धोने चाहिए. बच्चों को प्रदूषण से बचायें और सांस संबंधी समस्या न रहें इसके लिए उन्हें धूल-मिट्टी व धूम्रपान करने वाली जगहों से दूर रखें. बच्चों की रोग-प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने के लिए पर्याप्त पोषण दें. यदि बच्चा छह महीने से कम का है तो उसे नियमित रूप से स्तनपान कराएं. इस दौरान स्तनपान के अलावा ऊपर से शिशु को पानी भी न दें. स्तनपान प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत करने में जरूरी है. नियमित स्तनपान से भी बच्चा निमोनिया जैसे गंभीर रोग से सुरक्षित रहता है.

इन लक्षणों से निमोनिया की करें पहचान:

• तेज बुखार होना
• खांसी के साथ हरा या भूरा गाढ़ा बलगम आना
• सांस लेने में दिक्कत होना
• दांत किटकिटाना
• दिल की धड़कन बढ़ना
• सांस की रफ्तार अधिक होना
• उलटी होना
• दस्त आना
• भूख की कमी
• होंठों का नीला पड़ना
• कमजोरी या बेहोशी छाना

खतरे के लक्षण दिखने पर क्षेत्रीय कार्यकर्ता या नजदीकी अस्पताल से करें संपर्क :
निमोनिया ऐसे गंभीर रोगों की श्रेणी में शामिल है जो बच्चों में मौत का कारण बनता है. इस लिहाज से यह जरुरी है कि निमोनिया से ग्रसित बच्चों की शीघ्र पहचान की जा सके ताकि उन्हें सही समय पर ईलाज प्राप्त हो सके. यदि बच्चे की सांस तेज चल रही हो, उन्हें सांस लेने में कोई दिक्कत हो रही हो, छाती/ पसली अंदर धंस रही हो एवं तेज बुखार जैसे लक्षण दिखाई दे रहे हों तो तुरंत आशा, एएनएम या नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र से सम्पर्क करना चाहिए.

Mani Brothers

Leave a Comment

Recent Posts

थावे शिक्षक सम्मान -2026 से सम्मानित हुए भगवानपुर के शिक्षक शैलेश कुमार

भगवानपुर हाट (सीवान )जिले के भगवानपुर हाट प्रखंड के नया प्राथमिक विद्यालय खैरवा मुशहर टोला…

2 weeks ago

राजेंद्र कॉलेज का पूर्ववर्ती छात्र समागम में अपनी यादों को साझा कर हुए भावुक

छपरा(सारण)लोकनायक जय प्रकाश नारायण के नाम पर स्थापित जय प्रकाश विश्वविद्यालय छपरा की अभिभूत इकाई…

3 weeks ago

14 मार्च को आयोजित राष्ट्रीय लोक अदालत के प्रचार प्रसार के लिए रथ रवाना

सिवान(बिहार) आगामी 14 मार्च 2026 को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत के प्रचार-प्रसार हेतु…

3 weeks ago

जनसंख्या संतुलन के नायकों का सीएस डॉ. राजकुमार चौधरी ने किया सम्मान

• सबसे अधिक महिला बंध्याकरण के लिए डॉ. मेहा कुमारी को मिला आवार्ड • चिकित्सा…

3 weeks ago

India AI Impact Summit 2026 में Elon Musk की अनुपस्थिति से सनसनी, OpenAI की मजबूत मौजूदगी के बीच चर्चा

लेखक:इरशाद खान नई दिल्ली, 20 फरवरी 2026 — भारत सरकार द्वारा आयोजित India AI Impact…

4 weeks ago

निक्षय मित्र योजना:डाॅ अंजू सिंह ने छपरा के 35 जबकि एकमा के 20 टीबी मरीजों के बीच फूड पैकेट का किया वितरण

छपरा:शहर स्थित ठाकुरबाड़ी महिला विकास कल्याण समिति की संचालिका डॉ. अंजू सिंह के द्वारा विगत…

4 weeks ago