Home

विश्व स्वास्थ्य दिवस:सप्ताह में एक बार जरूर चलायें साइकिल या पैदल काम पर जायें

प्लास्टिक का इस्तेमाल कम करें, जूट या कपड़े के थैले का करें इस्तेमाल:

ऑवर प्लेनेट,ऑवर हेल्थ थीम के साथ मनाया जा रहा विश्व स्वास्थ्य दिवस:

गया(बिहार)मानव जीवन पर कई तरह की बीमारियों का खतरा मंडरा रहा है। इनमें संक्रामक तथा गैर संक्रामक रोगों के साथ साथ वेक्टर जनित रोग भी शामिल हैं। विश्व की एक बड़ी आबादी कई प्रकार की गंभीर बीमारियों से जूझ रही है। जीवनशैली में तेजी से हो रहे बदलाव,पर्यावरण तथा पारिस्थतिकी को बड़े पैमाने पर हो रहे नुकसान के कारण कई नई प्रकार की बीमारियां भी जन्म ले रही हैं। विश्व में ह्रदय रोग, डायबिटीज,टीबी,डेंगू,चिकनगुनिया सहित कई ऐसी बीमारियां एक आम इंसान के पूरे जीवनकाल को प्रभावित करती हैं। विश्व में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता लाने को लेकर विश्व स्वास्थ्य दिवस मनाया जाता है। इस दिवस का उद्देश्य इंसान की जिंदगी को स्वस्थ्य रखने के लिए उनकी जीवनशैली को बेहतर बनाने और अपने ग्रह से अधिक स्वच्छ रखने के प्रति जागरूकता लानी है। वहीं 7 अप्रैल 1948 को विश्व स्वास्थ्य संगठन की नींव भी रखी गयी थी इसलिए इस दिवस का महत्व और अधिक हो जाता है।

विश्व स्वास्थ्य दिवस का थीम ऑवर प्लेनेट ऑवर हेल्थ:
इस वर्ष विश्व स्वास्थ्य दिवस का थीम ऑवर प्लेनेट ऑवर हेल्थ है। इस थीम के साथ विश्व स्वास्थ्य संगठन ने अपने और अपनी धरती को स्वस्थ्य रखने के लिए जरूरी सलाह भी दिये हैं। अपने वेबसाइट पर विश्व स्वास्थ्य संगठन ने कहा है कि व्यवहार परिवर्तन कर इस ग्रह को सुरक्षित और स्वस्थ्य रखा जा सकता है। विश्व स्वास्थ्य संगठन की सलाह है कि सप्ताह में कम से कम एक दिन पब्लिक ट्रांसपोर्ट का इस्तेमाल किया जाना चाहिए। साथ ही सप्ताह में कम से कम एक बार लोग काम के लिए निकलते समय साइकिल जरूर चलायें या पैदल जाये। आम दिनों में बिजली का खर्च कम करने के लिए रिन्यूवेबल एनर्जी का इस्तेमाल करें। बिना किसी कारण कमरे या ऐसे अन्य स्थानों की ​बिजली खर्च न करें। कमरों में बल्ब और पंखों को बंद कर दें। रिन्यूबल एनर्जी के साधनों जैसे सोलर ऊर्जा का विकल्प चुनें और इसका इस्तेमाल करें। घर में सब्जी या अन्य कच्चे खाद्य सामग्री स्थानीय उत्पादकों से खरीदे। प्रोसेस्ड फूड का इस्तेमाल कम से कम करें। अच्छी सेहत के लिए धूम्रपान छोड़ें। प्लास्टिक के सामान अधिक नहीं खरीदें।

यदि बाजार जाते हैं तो जूट या कपड़े का थैला लेकर जायें। सब्जी या अन्य सामानों को रखने के लिए पॉलि​थीन का इस्तेमाल नहीं करें।जिला गैर संक्रामक रोग अधिकारी डॉ फिरोज अहमद ने बताया विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा स्वास्थ्य संस्थानों तथा स्वास्थ्य क्षेत्र से जुड़े कर्मियों को भी सलाह दी है कि वे कचरा प्रबंधन का पूरा ध्यान रखें। स्वास्थ्य संस्थानों में प्रोसेस्ड फूड के इस्तेमाल को कम कर स्थानीय स्तर पर तैयार किये गये खाद्य पदार्थों के इस्तेमाल को बढ़ाने में मदद करें। स्वास्थ्य संस्थानों में ​ऊर्जा बचत का ध्यान रखें तथा साफ पेयजल की व्यवस्था करें। इसी प्रकार ऐसे उत्पाद के इस्तेमाल को बढ़ावा दें जो पर्यावरण के लिए उचित है। सभी स्वास्थ्य संस्थानों पर पर्यावरण एवं जलवायु पारिवर्तन को लेकर लोगों को जागरूक करें।

Mani Brothers

Leave a Comment

Recent Posts

थावे शिक्षक सम्मान -2026 से सम्मानित हुए भगवानपुर के शिक्षक शैलेश कुमार

भगवानपुर हाट (सीवान )जिले के भगवानपुर हाट प्रखंड के नया प्राथमिक विद्यालय खैरवा मुशहर टोला…

4 weeks ago

राजेंद्र कॉलेज का पूर्ववर्ती छात्र समागम में अपनी यादों को साझा कर हुए भावुक

छपरा(सारण)लोकनायक जय प्रकाश नारायण के नाम पर स्थापित जय प्रकाश विश्वविद्यालय छपरा की अभिभूत इकाई…

4 weeks ago

14 मार्च को आयोजित राष्ट्रीय लोक अदालत के प्रचार प्रसार के लिए रथ रवाना

सिवान(बिहार) आगामी 14 मार्च 2026 को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत के प्रचार-प्रसार हेतु…

4 weeks ago

जनसंख्या संतुलन के नायकों का सीएस डॉ. राजकुमार चौधरी ने किया सम्मान

• सबसे अधिक महिला बंध्याकरण के लिए डॉ. मेहा कुमारी को मिला आवार्ड • चिकित्सा…

1 month ago

India AI Impact Summit 2026 में Elon Musk की अनुपस्थिति से सनसनी, OpenAI की मजबूत मौजूदगी के बीच चर्चा

लेखक:इरशाद खान नई दिल्ली, 20 फरवरी 2026 — भारत सरकार द्वारा आयोजित India AI Impact…

1 month ago

निक्षय मित्र योजना:डाॅ अंजू सिंह ने छपरा के 35 जबकि एकमा के 20 टीबी मरीजों के बीच फूड पैकेट का किया वितरण

छपरा:शहर स्थित ठाकुरबाड़ी महिला विकास कल्याण समिति की संचालिका डॉ. अंजू सिंह के द्वारा विगत…

1 month ago